नेताजी और नेताश्री का चुनावी रिहर्सल, और वे नेता...!
जैतारण/आईबीखांन।
जैतारण विधानसभा क्षेत्र से आगामी चुनावों मे अपने भाग्य अजमाने का अरमान रखने वाले कांग्रेस के दो प्रमुख कदावर नेताओं ने चुनावों से पहले ही अपना चुनावी रिहर्सल शुरू कर दी है।नेताजी और नेताश्री ने अपने लाव लश्करो के साथ लगता है,चुनावी मैदान मे कूदने का पूरा मानस बना लिया है।कल इसी चुनाव की रणनीति के तहत नेताश्री की रहनुमाई मे पार्टी संगठन की भव्य बैठक भी हुई।बैठक मे इस अनाडीकलमकार को भी आमंत्रित किया गया।बैठक मे संगठन मजबूती के साथ साथ उपस्थित कार्यकर्ताओं ने एक मत होकर नेताश्री को अपना भावी उम्मीदवार तक घोषित कर दिया,वैसे भी टिकट के मामले मे नेताश्री का पलडा जयपुर से लेकर दस जनपथ तक भारी है,यह बात अपन नहीं बल्कि मेरे चेहते नेताजी ने अपन को बताई है,लेकिन उन्होंने ने यह भी बताया की वे टिकट मे उनसे भारी जरूर है,लेकिन इलाके मे नेताजी भारी है,यह बात सही भी है।इधर नेताश्री की रहनुमाई मे आयोजित बैठक को देखकर अब मेरे चेहते नेताजी की जरे सदारत मे सुना है की बिराठीयां कोई सम्मेलन आयोजित होने वाला है,जहां इस सम्मेलन मे आने वाली भीड से उनके बढते एवं घटते जनाधार का भी आकलंन होगा, वैसे भीड़ जुटाने मे तो नेताजी पीएचडी कर रखी है।इस अनाडीकलमकार को भले ही नेताजी ने अभी तक दाल बाटी का दावतनामा नहीं भेजा,लेकिन उनके एक मर्जीदान ने जरूर दावत दी है।वैसे नेताजी अपन को दावत न भी दे तो भी अपन बिन बुलाए उनके दर जा सकते है,चुकि नेताजी का मेरे पर आपार स्नेह है।बात अपन चुनावी रिहर्सल की कर रहे थे...!अब इन दोनों दिग्गजों की चुनावी तैयारियां को देखकर उन नेताओं को भी यह तय कर लेना चाहिए की आगे क्या करना है जो टिकट की कतार मे नेताजी और नेताश्री के बाद लाईन मे लगे हुए है।एक बात तो यह तय हो गई की कांग्रेस मे टिकट के लिए यह दो चेहरे ही है जिनको कांग्रेस का टिकट मिलेगा...,क्योंकि अपन नेताश्री के भी करीब रह चुके है,यदि उनको आलाकमान से इशारा नहीं मिलता तो वे इस क्षेत्र मे यू चुनावी रिहर्सल के लिए न आते...!मेरी बात उन कांग्रेस के भावी विधायकों को बेहद कड़वी लग रही होगी की मे बार बार नेताजी और नेताश्री का ही क्यों गुणगान कर रहा हूं...!गुस्सा होने वाले उन भावी विधायकों से निवेदन है की वे इस अनाडीकलमकार की यह बात आज से ही गांठ बाधकर रख ले,जैतारण कांग्रेस का टिकट नेताजी और नेताश्री मे से ही किसी एक को मिलेगा...!क्योंकि यह अपना अनुभव भी है।इस अनाडीकलमकार ने अपने बालों मे सफेदी उम्र के लिहाज से नहीं बल्कि ऐसी इबारतें लिखने मे ली है,उम्र के लिहाज से भले छोटे है पर अपने भी राजनीति की पढाई अपने नेताजी से सीखी है और नेताजी की राजनीति से अच्छे भले मात खाते है।चलते-चलते अपन उन नेताओं को सलाह तो नहीं देगे,मगर आग्रह जरूर करेंगे की वे टिकटों की उम्मीदें छोडकर नेताजी या नेताश्री मे जो भी अच्छे लगे उनका दामन थाम ले।और नहीं थामेगे तो आने वाले समय मे तो किसी एक का दामन थामना ही पड़ेगा, यह कटू सत्य है..।9413063300
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